आजादी के दशकों बाद भी फगुनिया खेत सड़क से महरूम, ग्रामीणों ने दी 2027 चुनाव बहिष्कार की चेतावनी


बजून-फगुनिया खेत (नैनीताल)। न्याय पंचायत खुर्पाताल के अंतर्गत ग्राम सभा बजून-फगुनिया खेत के फगुनिया खेत में बुधवार को महिला समूह की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में समस्त ग्रामवासी भारी संख्या में मौजूद रहे। बैठक का मुख्य मुद्दा क्षेत्र की बुनियादी और सबसे गंभीर समस्या सड़क मार्ग का ना होना रहा। ग्रामीणों ने रोष जताते हुए कहा कि यदि क्षेत्र को मुख्य मार्ग से नहीं जोड़ा गया, तो वे आगामी 2027 के विधानसभा चुनाव का पूर्ण बहिष्कार करेंगे।
ग्रामीणों ने बैठक में अपनी समस्या रखते हुए कहा कि फगुनियाखेत की सड़क जो कि मात्र 3 किलोमीटर है इस सड़क के आजादी के इतने सालों बाद भी स्वीकृत न होने से उन्हें भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। सबसे विडंबनापूर्ण स्थिति यह है कि उत्तराखंड राज्य का प्रमुख जिला नैनीताल, जहां प्रदेश का उच्च न्यायालय (हाईकोर्ट) स्थित है, वहां से ग्राम सभा क्षेत्र की दूरी मात्र 11 किलोमीटर है और इस गांव में आज भी स्वास्थ्य आपातकाल (मेडिकल इमरजेंसी) होने पर बीमार व्यक्ति या गर्भवती महिला को डोली में बैठाकर पैदल मुख्य मार्ग तक पहुंचाना पड़ता है। इस दौरान कई बार मरीजों की जान पर बन आती है।
नेताओं और स्थानीय विधायक के खिलाफ भारी आक्रोश
बैठक में ग्रामीणों का गुस्सा स्थानीय राजनेताओं और जनप्रतिनिधियों पर जमकर फूटा। ग्रामीणों का आरोप है कि नेता सिर्फ चुनाव के समय वोट मांगने आते हैं और जीतने के बाद क्षेत्र की सुध तक लेते। ग्रामीणों ने तीखे शब्दों में कहा कि वर्तमान क्षेत्रीय विधायक सरिता आर्या आज तक क्षेत्र के विकास के लिए कभी इस गांव में नहीं आईं। इस उपेक्षा से तंग आकर समस्त ग्रामीणों ने एक सुर में फैसला लिया है कि “सड़क नहीं तो वोट नहीं”।
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में मौजूद भाजपा नेता हेम आर्य ने ग्रामीणों की समस्याओं को सुना और उन्हें आश्वस्त किया। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार निरंतर जनहित के कार्यों के लिए समर्पित है। उन्होंने ग्रामीणों को भरोसा दिलाया कि फगुनिया खेत के विकास और सड़क मार्ग की मांग को वे प्रमुखता से शासन-प्रशासन के समक्ष रखेंगे ताकि ग्रामीणों को जल्द राहत मिल सके।
इस बैठक में मुख्य वक्ता श्री हेम आर्य के साथ श्रीमती जानकी कोटलिया, आई.पी.आर.पी. श्रीमती अनीता, प्रधान प्रतिनिधि श्री नंदन सिंह, श्री भूपाल सिंह, नीमा कनवाल, किशन भट्ट, हरीश सिंह, शंकर सिंह, कमला देवी, हिमानी, हेमा, बबीता, कमला देवी, भवानी देवी, लता देवी, किरण देवी समेत समस्त ग्रामवासी प्रमुख रूप से मौजूद रहे।