हिन्दू धर्म में भ्रांतिया और निवारण” पर गोष्ठी संपन्नए मनुष्य कर्म प्रधान बन – डॉ. डी के गर्ग (अध्यक्ष, ईशान इंस्टीट्यूट नोएडा)

समाचार

नैनीताल l केन्द्रीय आर्य युवक परिषद के तत्वावधान में “हिन्दू धर्म में भ्रांतिया और निवारण” विषय पर ऑनलाइन गोष्ठी का आयोजन किया गया। यह करोना काल से 557 वा वेबिनार था।

वैदिक प्रवक्ता डॉ. डी के गर्ग ने कहा कि अधिकतर पाखण्ड मोक्ष व पाप से मुक्ति दिलाने के लिए होते हैं जो उचित नहीं है। व्यक्ति को जीवन में उन्नति के लिए कर्म करना ही पड़ेगा इसलिए भाग्यवादी न बने।
हमारे रामायण महाभारत में भी मिलावट कर दी गई है जिसके शुद्ध स्वरूप को सामने लाने की आवश्यकता है। महर्षि दयानंद के अनुसार
मर्यादा पुरुषोत्तम श्री राम और श्री कृष्ण हमारे आदर्श है उन्होने जीवन पर्यन्त कोई बुरा काम नहीं किया।
आज कथा वाचकों ने लच्छे दार किस्से सुनाकर अपने महान पुरुषों को बदनाम करने का कार्य किया है और हिन्दू धर्म को विभिन्न हिस्सों में बांट दिया है। ईश्वर जीव प्रकृति तीन सनातन सताये है। ईश्वर सर्व शक्तिमान है वह अवतार नहीं लेता, शरीर धारी न होने के कारण उसका चित्र बन ही नहीं सकता यहीं वैदिक चिन्तन है। इसलिए निराकार ईश्वर की उपासना करनी चाहिए।

यह भी पढ़ें 👉  शिवांगी शाह बनी रोटरी क्लब नैनीताल की अध्यक्ष, विनोद दुआ ने सचिव का पदभार संभाला

केन्द्रीय आर्य युवक परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष अनिल आर्य ने कहा कि आज की युवा पीढ़ी को अंधविश्वास पाखण्ड से दूर रहना चाहिए और एक ईश्वर की उपासना करनी चाहिए उस ईश्वर का निज नाम ओम है उसका स्मरण करना चाहिए।

यह भी पढ़ें 👉  उत्तराखंड केंद्रीय पेंशनर्स वेलफेयर एसोसिएशन ने जया सिद्धार्थ हॉस्पिटल की व्यवस्था को जांचा।

मुख्य अतिथि आर्य नेता अरुण आर्य व अध्यक्ष जगदीश पाहुजा ने भी अपने विचार रखते हुए सर्वशक्तिमान परमेश्वर की सत्ता पर प्रकाश डाला।

गायिका सुदेश आर्या, प्रवीणा ठक्कर, रविन्द्र गुप्ता, रचना वर्मा, विजय खुल्लर, कुसुम भण्डारी, सरला बजाज, आदर्श सहगल, रजनी कपूर, चन्द्र कांता गेरा आदि के मधुर भजन हुए।

Advertisement
Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad Ad