जिले में विकास कार्यों की गुणवत्ता एवं स्वच्छता व्यवस्था पर विशेष फोकस, मुख्य विकास अधिकारी ने जिला पंचायत एवं पर्यटन विभाग की समीक्षा बैठक में दिए समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश

भीमताल । जनपद में विकास कार्यों की गुणवत्ता, स्वच्छता व्यवस्था तथा पर्यटन संबंधी परियोजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर गुरुवार को विकास भवन सभागार में मुख्य विकास अधिकारी श्री अरविंद कुमार पांडेय की अध्यक्षता में जिला पंचायत नैनीताल एवं पर्यटन विभाग के अधिकारियों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी ने जनपद के ग्रामीण क्षेत्रों में स्थित होटल एवं रिसॉर्ट्स से विगत पांच वर्षों में जिला पंचायत को प्राप्त राजस्व का विवरण उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में संचालित कूड़ा वाहनों की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत करने को कहा।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक कूड़ा वाहन में अनिवार्य रूप से जीपीएस प्रणाली स्थापित की जाए, ताकि वाहनों की नियमित निगरानी सुनिश्चित की जा सके। इसके अतिरिक्त कूड़ा निस्तारण के लिए पर्याप्त रोस्टर तैयार करने, संबंधित राजस्व निरीक्षकों एवं कर संग्राहकों की नियमित निगरानी में कूड़ा वाहनों का संचालन सुनिश्चित करने तथा सभी वाहन चालकों के मोबाइल नंबर उपलब्ध रखने के निर्देश भी दिए।
मुख्य विकास अधिकारी ने एनएच-87 रानीबाग से रूसी बाईपास तक माह में कम से कम सात दिन वैक्यूम क्लीनिंग मशीन संचालित किए जाने के निर्देश देते हुए स्वच्छता व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने पर बल दिया।

बैठक में जिला पंचायत के समस्त अधिकारियों एवं कर्मचारियों के कार्यों एवं दायित्वों की समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। उन्होंने जिला पंचायत द्वारा कराए जा रहे सभी निर्माण कार्यों का नियमित स्थलीय निरीक्षण कर गुणवत्ता एवं समयबद्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
परियोजना निदेशक, जिला ग्राम्य विकास अभिकरण को जिला पंचायत से संबंधित विभिन्न कार्यों की नियमित समीक्षा करने के निर्देश दिए गए। वहीं जिला पर्यटन अधिकारी को जिला योजना, राज्य योजना एवं केंद्र पोषित योजनाओं के अंतर्गत संचालित निर्माण कार्यों की प्रारंभ एवं पूर्णता तिथि अंकित करते हुए नियमित निरीक्षण कर समयबद्ध रूप से कार्य पूर्ण कराना सुनिश्चित करने को कहा।
मुख्य विकास अधिकारी ने जनपद में अवैध रूप से संचालित होम-स्टे एवं होटलों का नियमित निरीक्षण कर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में गुणवत्ता, स्वच्छता व्यवस्था में सुधार तथा पर्यटन गतिविधियों का सुव्यवस्थित संचालन जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।