नाबार्ड के सहयोग से चेष्टा विकास समिति द्वारा आयोजित पांच दिवसीय ग्रामीण भारत महोत्सव का समापन

नैनीताल । तीन सितंबर से रामलीला मैदान शीश महल काठगोदाम में आयोजित ग्रामीण भारत महोत्सव का आज समापन हो गया। देहरादून से आए पीपल्स साइंस इंस्टीट्यूट के निदेशक पूरन वर्त्वाल मुख्य अतिथि रहे। नाबार्ड के जिला विकास प्रबंधक मुकेश बेलवाल ने अपने संबोधन में कहा की महिलाओं को स्वावलंबी बनाने युवाओं को रोजगार से जोड़ने और ग्रामीण रोजगार और विकास को गति देने में नाबार्ड महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। उत्तराखंड ग्रामीण बैंक के क्षेत्रीय प्रमुख कमल वर्मा द्वारा अपने संबोधन में महिला स्वयं समूहों को बैंक से जोड़ने, सरकार की सामाजिक सुरक्षा योजनाओं की सतप्रतिशत आच्छादन और सूक्ष्म लघु और मध्यम उद्योग से युवाओं को स्वरोजगार हेतु ऋण देने की बैंक की प्रतिबद्धता को दोहराया गया। बैंक के व्यवसाय प्रबंधन दीपक पांडे भी कार्यक्रम में उपस्थित रहे. राष्ट्रीय प्रशासनिक अकादमी नैनीताल के पूर्व सह प्राध्यापक दिनेश महतोलिया ने अपने संबोधन में स्वयं सहायता समूहों द्वारा निर्मित वस्तुओं की सराहना की गई। चेष्टा विकास संस्था की अध्यक्ष सुमन अधिकारी ने बताया कि उनके द्वारा महिलाओं को किस प्रकार से प्रोत्साहित कर रोजगार से स्वावलंबन की दिशा में जोड़ने हेतु कार्य किया गया है। आज उनके द्वारा लगभग चार हज़ार से अधिक महिलाओं को एसएचजी के साथ जोड़ कर बैंकों से सम्बद्ध किया गया है। इस अवसर पर सर्वश्रेष्ठ स्टॉल सजावट, वस्तुओं के निर्माण, सांस्कृतिक कार्यक्रमों के कलाकारों को प्रथम द्वितीय तृतीय पुरस्कार दिए गए। कार्यक्रम का संचालन वित्तीय जागरूकता सलाहकार बी डी नैनवाल द्वारा किया गया। कार्यक्रम के अंत में सभी अतिथियों ने स्टॉल्स का निरीक्षण किया। कार्यक्रम को सफल बनाने में बालकृष्ण जोशी चेष्टा संस्था के समन्वयक मुकुल कुमार सहित सभी सदस्यों का योगदान रहा।











