कौन्ता–ककोड़–हरीशताल मोटर मार्ग की गुणवत्ता की होगी उच्चस्तरीय जांच, जिलाधिकारी ने तीन सदस्यीय जांच समिति गठित की, तीन सप्ताह में मांगी विस्तृत आख्या

नैनीताल, । जनपद में विकास कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने तथा जनप्रतिनिधियों एवं आमजन की शिकायतों का पारदर्शी एवं समयबद्ध निस्तारण करने के क्रम में जिलाधिकारी नैनीताल ललित मोहन रयाल ने पीएमजीएसवाई, काठगोदाम खंड के अंतर्गत निर्मित कौन्ता–ककोड़–हरीशताल मोटर मार्ग (ओखलकांडा) की गुणवत्ता की जांच के लिए तीन सदस्यीय जांच समिति का गठन किया है।
उल्लेखनीय है कि उक्त मोटर मार्ग की गुणवत्ता को लेकर विभिन्न जनप्रतिनिधियों द्वारा शिकायतें प्राप्त हुई थीं। प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी ने मार्ग का स्थलीय निरीक्षण एवं गुणवत्ता परीक्षण कराए जाने के निर्देश दिए
हैं, ताकि निर्माण कार्य की वास्तविक स्थिति का निष्पक्ष आकलन किया जा सके।
गठित जांच समिति में मुख्य विकास अधिकारी, नैनीताल को अध्यक्ष तथा लोक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता एवं सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता को सदस्य नामित किया गया है।
जिलाधिकारी ने समिति को निर्देशित किया है कि वह कार्यस्थल का विस्तृत स्थलीय निरीक्षण, निर्माण गुणवत्ता का परीक्षण तथा संबंधित अभिलेखों का परीक्षण करते हुए तीन सप्ताह के भीतर अपनी स्पष्ट एवं तथ्यपरक जांच आख्या प्रस्तुत करना सुनिश्चित करे।
जिलाधिकारी ने संबंधित कार्यदायी संस्था को भी निर्देश दिए हैं कि जांच समिति के साथ पूर्ण समन्वय स्थापित करते हुए सभी आवश्यक अभिलेख एवं तकनीकी सहयोग उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि जांच के दौरान किसी भी स्तर पर अनियमितता अथवा लापरवाही पाई जाती है तो संबंधित के विरुद्ध नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि विकास कार्यों की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा तथा जनहित से जुड़े प्रत्येक निर्माण कार्य में पारदर्शिता, गुणवत्ता और जवाबदेही सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी।












