नैनीताल सीट से देखने को मिल सकती है सीधी टक्कर

नैनीताल:::: 58 विधानसभा सीट नैनीताल से इस बार भी प्रदेश की दो प्रमुख पार्टियां कांग्रेस व भाजपा आमने सामने होंगी। वही पहली बार चुनाव में अपनी किस्मत आजमाने उतरी आम आदमी पार्टी राज्य में अभी तक अपना मुकाम ढूंढने में जुटी है, तो वही यूकेडी अभी भी पहाड़ के विकास की योजनाओ को फोकस कर अपनी साख को बचाने के लिए रणभूमि में है।

वही विधानसभा सीट में एक बार फिर काटे की टक्कर देखने को मिल सकती है। कांग्रेस से युवा संजीव आर्य व भाजपा की सरिता आर्य पिछले चुनाव मे भी आमने सामने थे जहाँ संजीव आर्य ने कम अंतर से बाजी मारी थी। वही इस बार भी सीट पर कड़ी टक्कर देखने को मिलेगी, जहाँ 5 वर्षो से विधायक रहकर लोकप्रियता कमाई है वही सरिता आर्य ने क्षेत्र जनता को अपने सरल व्यवहार से अपना कायल बनाया, कहा जा सकता है को इस सीट पर एक तरफा जीत पाना आसान नही होगा।

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वही सीट पर अन्य पार्टियों का प्रभाव दूर दूर तक नज़र नही आता हालांकि सीट से इस वर्ष सक्रिय भूमिका में नज़र आ रही आम आदमी पार्टी क्षेत्र में केजरीवाल की गारन्टी को लेकर जनता के बीच पसीना बहा रही है तो वही प्रदेश का सबसे पुराना दल यूकेडी आज भी पहाड़ की समस्याओं को आगे लेकर चल रहा है। इस सकबे बीच भाजपा कांग्रेस दोनों अपने कार्यकर्ताओं को एकजुट कर आगामी चुनाव को अपने पक्ष में लाने की जिद्दोजहद करते नज़र आ रहे है। लेकिन किसी भी पार्टी के लिए जीत हासिल करना आसान नही होगा। मतदाताओं को रिझाने के हर संभव प्रसास कर अपने पक्ष में लाने की रणनीति व विरोधियों की चाल को पकड़ कर जो भी प्रत्याशी सूझ बूझ दिखायेगा उसका पलड़ा भारी नज़र आता है।

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