राज्यसभा प्रत्याशी दिनेश आर्य ने दाखिल किया नामांकन सीएम धामी, प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट समेत भाजपा के वरिष्ठ नेता, मंत्री, सांसद और विधायक रहे मौजूद

देहरादून। उत्तराखंड से राज्यसभा की रिक्त सीट के लिए भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी दिनेश आर्य ने मंगलवार को देहरादून स्थित विधानसभा परिसर में अपना नामांकन पत्र दाखिल किया। नामांकन के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत, सुबोध उनियाल, अजय टम्टा अल्मोड़ा सांसद एवं केंद्रीय राज्य मंत्री (सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय) , सांसद नैनीताल अजय भट्ट सहित प्रदेश सरकार के मंत्री, सांसद, विधायक और पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारी मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दिनेश आर्य को नामांकन के लिए शुभकामनाएं दी। भाजपा ने चार अक्टूबर को उत्तराखंड की राज्यसभा सीट के लिए दिनेश आर्य को अपना प्रत्याशी घोषित किया था। राज्यसभा चुनाव के लिए नामांकन की अंतिम तिथि छह अक्टूबर है और मतदान 16 अक्टूबर को होना है।
संगठन में लंबा अनुभव
दिनेश आर्य उत्तराखंड भाजपा में लंबे समय से संगठनात्मक जिम्मेदारियां निभाते रहे हैं। वर्तमान में वह उत्तराखंड सरकार की राज्य स्तरीय पेयजल अनुश्रवण परिषद के उपाध्यक्ष हैं और उन्हें राज्य मंत्री स्तर का दर्जा प्राप्त है। इससे पहले वह मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के जनसंपर्क अधिकारी के रूप में भी कार्य कर चुके हैं।
आर्य भाजपा नैनीताल के जिलाध्यक्ष भी रह चुके हैं। इसके अलावा उन्होंने भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा में राष्ट्रीय स्तर पर जिम्मेदारी संभाली और पंजाब के संगठनात्मक कार्य के प्रभारी के रूप में भी कार्य किया।
विद्यार्थी परिषद से शुरू हुआ राजनीतिक सफर
दिनेश आर्य का राजनीतिक एवं संगठनात्मक सफर विद्यार्थी परिषद से शुरू हुआ। उन्होंने 1985 में विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता के रूप में नैनीताल में सदस्यता ग्रहण की और 1986 में उन्हें विद्यार्थी परिषद का नैनीताल जिला संयोजक बनाया गया। वर्ष 1988 तक उन्होंने इस जिम्मेदारी का निर्वहन किया। इसके बाद वह भाजपा संगठन में सक्रिय हुए।
भाजपा में उन्होंने युवा मोर्चा और अनुसूचित मोर्चा सहित संगठन के विभिन्न पदों पर कार्य किया। वर्ष 2007 से 2010 तक वह भाजपा नैनीताल के जिलाध्यक्ष रहे। इसके बाद राष्ट्रीय स्तर पर अनुसूचित जाति मोर्चा में जिम्मेदारी संभाली। वर्ष 2017 से 2021 के बीच वह अनुसूचित जाति मोर्चा के राष्ट्रीय स्तर के पदाधिकारी और पंजाब प्रभारी रहे।
वर्ष 2021 में उन्होंने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के जनसंपर्क अधिकारी (PRO) के रूप में कार्य किया। दिसंबर 2023 में उन्हें उत्तराखंड सरकार में राज्य स्तरीय पेयजल अनुश्रवण परिषद का उपाध्यक्ष बनाया गया।
संघ और विद्यार्थी परिषद से जुड़ाव
दिनेश आर्य के संगठनात्मक सफर में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ अहम रोल रहा है। उन्होंने संघ का तृतीय वर्ष शिक्षण प्राप्त किया है। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की शिक्षा का असर उनके सरल व्यक्तित्व में भी दिखता है।
राज्यसभा की ओर बढ़ा राजनीतिक सफर
लंबे संगठनात्मक अनुभव और उत्तराखंड की राजनीति में सक्रिय भूमिका के बाद भाजपा ने वर्ष 2026 के राज्यसभा चुनाव के लिए दिनेश आर्य को उत्तराखंड से अपना प्रत्याशी बनाया है। राज्यसभा नामांकन के अवसर पर पार्टी के वरिष्ठ नेताओं और जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी रही।
दिनेश आर्य के नामांकन के साथ ही उत्तराखंड की राजनीति में राज्यसभा चुनाव को लेकर गतिविधियां तेज हो गई हैं। चुनाव कार्यक्रम के अनुसार उत्तराखंड की एक राज्यसभा सीट के लिए 16 अक्टूबर को मतदान निर्धारित है।
एक नजर में दिनेश आर्य का राजनीतिक सफर
- 1985 — विद्यार्थी परिषद में कार्यकर्ता के रूप में शुरुआत
- 1986–1988 — विद्यार्थी परिषद, नैनीताल जिला संयोजक
- 1988–1991 — भाजपा युवा मोर्चा, नैनीताल जिला मंत्री
- 1992–1995 — भाजपा अनुसूचित मोर्चा, नैनीताल जिलाध्यक्ष
- 1996–1998 — भाजपा युवा मोर्चा, प्रदेश उपाध्यक्ष
- 2001–2002 — भाजपा अनुसूचित मोर्चा, प्रदेश महामंत्री
- 2007–2010 — भाजपा नैनीताल जिलाध्यक्ष
- 2017–2021 — भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा में राष्ट्रीय स्तर की जिम्मेदारी एवं पंजाब प्रभारी
- 2021 — मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के जनसंपर्क अधिकारी
- 2023 से वर्तमान — राज्य स्तरीय पेयजल अनुश्रवण परिषद के उपाध्यक्ष
- 2026 — उत्तराखंड से भाजपा के राज्यसभा प्रत्याशी और नामांकन दाखिल












