पं. गोविन्द बल्लभ पंत जन्म दिवस समारोह समिति, नैनीताल द्वारा भारत रत्न, महान स्वतंत्रता सेनानी, कुशल प्रशासक एवं समाज सुधारक पं. गोविन्द बल्लभ पंत जी की 139वीं जयंती के अवसर पर आयोजित समारोह में शिल्पकार सभा के वर्तमान अध्यक्ष डॉ रमेश चंद्रा को विशेष रूप से तथा शिल्पकार सभा नैनीताल को उसके द्वारा किए जा रहे सामाजिक कार्यों एवं समाजहित में योगदान के लिए सम्मानित किया गया
नैनीताल । पं. गोविन्द बल्लभ पंत जन्म दिवस समारोह समिति, नैनीताल द्वारा भारत रत्न, महान स्वतंत्रता सेनानी, कुशल प्रशासक एवं समाज सुधारक पं. गोविन्द बल्लभ पंत जी की 139वीं जयंती के अवसर पर आयोजित समारोह में शिल्पकार सभा के वर्तमान अध्यक्ष डॉ रमेश चंद्रा को विशेष रूप से तथा शिल्पकार सभा नैनीताल को उसके द्वारा किए जा रहे सामाजिक कार्यों एवं समाजहित में योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
इस सम्मान के लिए शिल्पकार सभा नैनीताल ने आयोजक मंडल के प्रमुख संयोजक श्री पूरन महरा जी एवं संयोजक श्री गोपाल रावत जी सहित समस्त आयोजन समिति का हार्दिक आभार व्यक्त किया।
सभा के अध्यक्ष श्री रमेश चंद्रा ने कहा कि पं. गोविन्द बल्लभ पंत जी एक कुशल प्रशासक, दूरदर्शी राजनेता, महान स्वतंत्रता सेनानी एवं समाज सुधारक होने के साथ-साथ समतामूलक विचारधारा के प्रबल समर्थक थे। उनका मानना था कि स्वतंत्रता का वास्तविक अर्थ तभी सार्थक होगा, जब समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति का सामाजिक एवं आर्थिक उत्थान सुनिश्चित हो।
सभा के महामंत्री ने कहा कि पं. गोविन्द बल्लभ पंत जी ने समाज में व्याप्त जातिगत भेदभाव को समाप्त करने के लिए महत्वपूर्ण प्रयास किए। उन्होंने सामाजिक समरसता का संदेश अपने आचरण के माध्यम से भी दिया। पं. गोविन्द बल्लभ पंत जी द्वारा राय बहादुर मुंशी हरिप्रसाद टम्टा जी के हाथों से पानी ग्रहण करना तथा उनके एवं। पं गोविन्द बल्लभ पंत जी साथ उत्तर प्रदेश के प्रथम विधान सभा में विधायक रहे खुशी राम जी के साथ पंक्ति में बैठकर सहभोज करना उस दौर में सामाजिक रूढ़ियों के विरुद्ध एक महत्वपूर्ण संदेश था। उनके ऐसे प्रयास सामाजिक समानता और छुआछूत के विरुद्ध संघर्ष के इतिहास में सदैव स्मरणीय रहेंगे।
शिल्पकार सभा नैनीताल का मानना है कि पं. गोविन्द बल्लभ पंत जी की 139वीं जयंती मनाने का वास्तविक उद्देश्य उनके विचारों और आदर्शों को अपने आचरण में उतारना है।
सभा ने हाल ही हल्द्वानी में घटित घटना पर रोष व्यक्त किया जिसमे खड़गे जी जो कि एक दलित व्यक्ति, जो एक राजनीतिक दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में वहां संबोधित करने आए थे, के कार्यक्रम स्थल से चले जाने के बाद कथित रूप से एक विशेष संगठन द्वारा उस स्थान का ‘शुद्धिकरण’ किया गया।
शिल्पकार सभा नैनीताल ऐसी किसी भी कार्रवाई को सामाजिक समरसता, समानता और पं. गोविन्द बल्लभ पंत जी के सामाजिक सुधार के सिद्धांतों के विपरीत मानती है। किसी व्यक्ति की जाति के आधार पर उसके जाने के बाद किसी सार्वजनिक स्थल का शुद्धिकरण किया जाना सामाजिक भेदभाव की मानसिकता को प्रदर्शित करता है, जिसकी सभा कड़े शब्दों में निंदा करती है।
शिल्पकार सभा नैनीताल स्पष्ट करना चाहती है कि सभा किसी भी राजनीतिक दल के पक्ष या विपक्ष में नहीं है। हमारा उद्देश्य केवल सामाजिक समानता, सम्मान, समरसता एवं संविधान की मूल भावना की रक्षा करना है।
सभा सभी राजनीतिक दलों, सामाजिक संगठनों एवं आम नागरिकों से अपील करती है कि वे दलगत राजनीति से ऊपर उठकर इस घटना की निष्पक्षता से जांच की मांग करें तथा यदि घटना सत्य पाई जाती है तो इसके लिए उत्तरदायी लोगों के विरुद्ध नियमानुसार उचित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
पं. गोविन्द बल्लभ पंत जी को सच्ची श्रद्धांजलि तभी होगी, जब हम उनके समतामूलक समाज के सपने को साकार करने के लिए जाति और भेदभाव की मानसिकता का दृढ़ता से विरोध करें।आज सम्मान लेने में सभा के अध्यक्ष डॉ रमेश चंद्रा वरिष्ठ उपाध्यक्ष राजेंद्र प्रसाद महामंत्री राजेश लाल मंत्री अनिल गोरखा कोषाध्यक्ष कैलाश आगरकोटी लेखापरीक्षक संजय कुमार इंदर कुमार के एल आर्य आदि उपस्थित रहे।












