कुमाऊं विश्वविद्यालय के डी.एस.बी. परिसर, नैनीताल के रसायन विज्ञान विभाग की शोधार्थी मनीषा जोशी ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विश्वविद्यालय एवं उत्तराखंड का नाम गौरवान्वित किया है।
नैनीताल । कुमाऊं विश्वविद्यालय के डी.एस.बी. परिसर, नैनीताल के रसायन विज्ञान विभाग की शोधार्थी मनीषा जोशी ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विश्वविद्यालय एवं उत्तराखंड का नाम गौरवान्वित किया है। उन्हें अमेरिकन केमिकल सोसाइटी ए सी एस एग्रो डिवीजन द्वारा वर्ष 2026 का प्रतिष्ठित ए सी एस एग्रो जर्नी अवार्ड प्रदान किया गया है वर्ष 2026 में यह प्रतिष्ठित पुरस्कार विश्वभर से केवल दो शोधार्थियों को प्रदान किया जाता है जिनमें भारत से मनीषा जोशी का चयन हुआ। पुरस्कार के साथ उन्हें 2,000 यू एस डॉलर तथा प्रमाण पत्र प्रदान किया गया। यह उपलब्धि रसायन विज्ञान के क्षेत्र में उनके शोध कार्य की अंतरराष्ट्रीय पहचान को दर्शाती है।मनीषा जोशी ने अमेरिका के शिकागो में आयोजित ए सी एस फाल 2026 नेशनल मीटिंग यू एस ए के शिकागो में प्रतिभाग किया, जहां उन्होंने अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिक समुदाय के समक्ष अपना शोध कार्य प्रस्तुत किया। यह सम्मेलन रसायन विज्ञान के क्षेत्र में विश्व के प्रमुख वैज्ञानिक सम्मेलनों में से एक है, जिसमें विभिन्न देशों के वैज्ञानिक, प्रोफेसर और शोधार्थी अपने नवीन शोध कार्य प्रस्तुत करते हैं तथा वैज्ञानिक विचारों एवं शोध परिणामों का आदान-प्रदान करते हैं।मनीषा जोशी कुमाऊं विश्वविद्यालय के रसायन विज्ञान विभाग में प्रो. गीता तिवारी के निर्देशन में शोध कार्य कर रही हैं। उनका शोध कार्य प्राकृतिक उत्पाद रसायन, फाइटोकेमिस्ट्री, जैव-सक्रिय प्राकृतिक यौगिकों एवं हरित रसायन विज्ञान जैसे क्षेत्रों से संबंधित है। उनके शोध में प्राकृतिक स्रोतों से प्राप्त रासायनिक घटकों के वैज्ञानिक अध्ययन तथा उनके संभावित अनुप्रयोगों पर कार्य किया जा रहा है।अपनी इस उपलब्धि पर मनीषा जोशी ने इसका श्रेय अपने माता-पिता एवं अपने शोध निर्देशक प्रो. गीता तिवारी को दिया। साथ ही उन्होंने डॉ. प्रवीण दुबे शिकागो के विशेष मार्गदर्शन, प्रोत्साहन एवं निरंतर सहयोग के लिए विशेष रूप से धन्यवाद दिया। मनीषा की उपलब्धि पर विभागाध्यक्ष प्रो. एन. जी. साहू, पूर्व विभागाध्यक्ष प्रो. चित्रा पांडे, विभागाध्यक्ष वनस्पति प्रो. ललित तिवारी ,डॉ शिवांगी तथा डॉ. गिरिश सी. खर्कवाल ,आयशा , श्रेया ,अंकिता ने बधाई एवं शुभकामनाएं दी है ।मनीषा ने अपना शोध कार्य “थाइमस लिनेरिस बेंथ. एसेंशियल ऑयल ऐज़ अ नेचुरल एंटीबैक्टीरियल एजेंट फॉर सस्टेनेबल क्रॉप प्रोटेक्शन” अमेरिका के शिकागो में आयोजित एसीएस फॉल 2026 नेशनल मीटिंग में प्रस्तुत किया। इस शोध में थाइमस लिनेरिस के आवश्यक तेल के जीवाणुरोधी गुणों का अध्ययन किया गया तथा टिकाऊ फसल संरक्षण में इसके संभावित उपयोग को प्रस्तुत किया गया। शोध में प्राकृतिक स्रोत से प्राप्त आवश्यक तेल को फसल संरक्षण के लिए एक संभावित पर्यावरण-अनुकूल विकल्प के रूप में रेखांकित किया गया है। मनीषा ने 23 से 27 अगस्त तक उक्त सम्मेलन में भाग लिया ।मनीषा जोशी ने कहा कि ए सी एस जैसे प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिक संगठन के मंच पर अपने शोध को प्रस्तुत करने और अवार्ड प्राप्त करने का अवसर उनके लिए बेहद महत्वपूर्ण है। इस प्रकार के अंतरराष्ट्रीय मंच युवा शोधकर्ताओं को अपने शोध कार्य को वैश्विक वैज्ञानिक समुदाय तक पहुंचाने तथा नए वैज्ञानिक सहयोग विकसित करने का अवसर प्रदान करते हैं जिससे उत्तराखंड के युवा शोधार्थियों को भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शोध के क्षेत्र में आगे बढ़ने की प्रेरणा मिली है।












