माता जिया रानी महिला अध्ययन केंद्र में “मानसिक स्वास्थ्य और कल्याण” पर ऑनलाइन व्याख्यान आयोजित

नैनीताल । कुमाऊँ विश्वविद्यालय, नैनीताल के माता जिया रानी महिला अध्ययन केंद्र द्वारा 7 अगस्त 2026 को ऑनलाइन व्याख्यान का आयोजन किया गया। व्याख्यान का मुख्य विषय “मानसिक स्वास्थ्य और कल्याण: आत्म-जागरूकता से आत्म-सशक्तिकरण तक” रहा। प्रोफेसर नीता बोरा शर्मा द्वारा आज की व्याख्यान की आवश्यकता और महत्व को रेखांकित किया गयाl उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि मानसिक स्वास्थ्य के बारे में बात करना कमजोरी नहीं बल्कि जागरूकता और साहस की निशानी हैl आज के समय में विद्यार्थियों का पढ़ाई परीक्षा करियर प्रतियोगिता भविष्य की चिंता परिवार और सामाजिक अपेक्षाओं से जुड़ा तनाव कभी-कभी बहुत अधिक हो जाता है ऐसे समय में अपनी मन की बात समझना किसी भी विश्वसनीय व्यक्ति से साझा करना और आवश्यकता पड़ने पर विशेषज्ञ की सहायता लेना बहुत आवश्यकहै I
कार्यक्रम की मुख्य वक्ता प्रोफेसर रश्मि पंत (मनोविज्ञान की प्रोफेसर, 22 से अधिक वर्षों का शैक्षणिक अनुभव, 3 पुस्तकों व 40 से अधिक शोध पत्रों की लेखिका, तथा वर्तमान में उच्च शिक्षा विभाग, उत्तराखंड शासन में सहायक निदेशक) रहीं।उन्होंने बताया कि मानसिक स्वास्थ्य केवल बीमारी की अनुपस्थिति नहीं बल्कि भावनात्मक संतुलन है। आत्म-जागरूकता से ही व्यक्ति में सही निर्णय लेने और खुद को सशक्त बनाने की क्षमता आती है।
युवाओं में 51% मामले अकादमिक दबाव और 43% मूड स्विंग्स से जुड़े हैं।उत्तराखंड राज्य की टेली-मानस (Tele-MANAS) हेल्पलाइन पर शुरुआती 8 महीनों में ~15,000 कॉल प्राप्त हुए (78% कॉलर 18-45 आयु वर्ग के)। लगभग 35,700 बच्चे मानसिक/विकासात्मक स्थितियों से प्रभावित हैं I
उन्होंने मुख्य रूप से रेखांकित किया कि स्वयं को जानने, स्वीकारने, विकसित करने और सशक्त बनाने की इस व्यक्तिगत यात्रा में पर्याप्त नींद, संतुलित आहार, समय प्रबंधन, डिजिटल डिटॉक्स, डायरी लेखन और भारतीय ज्ञान परंपरा का अभ्यास ही पूर्ण आत्म-देखभाल की कुंजी है।
कार्यक्रम में प्रोफेसर नीता बोरा ने महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए बताया कि केंद्र में जल्द ही एक ‘वेलबीइंग सेंटर’ (Wellbeing Centre) की स्थापना की जाएगी। इसके साथ ही, महिलाओं एवं सामुदायिक कल्याण को समर्पित 6-महीने का प्रमाण पत्र पाठ्यक्रम “Certificate Course in Mental Health Counselling with Special Reference to Women and Community Well-being” शुरू किया जा रहा है, जिसका पहला बैच 20 अगस्त 2026 से प्रारंभ होगा। है।आज की इस व्याख्यान में डी.एस.बी. परिसर के विभिन्न विभागों की विभाग अध्यक्ष और प्राध्यापक प्रोफेसर शुचिबिष्ट, प्रॉफ ललित तिवारी , डॉ नंदन बिष्ट ,प्रोफेसर जया तिवारी, डॉक्टर हरदेश कुमार, डॉक्टर रुचि मित्तल, डॉक्टर भूमिका, राजकीय महाविद्यालय रानीखेत से डॉक्टर बृजेश जोशी, मुलायम सिंह यादव महाविद्यालय मैनपुरी से डॉक्टर जान मोहम्मद, सिक्किम से डॉक्टर धीरज , राष्ट्रीय शहीद सैनिक स्मारक विद्यापीठ की प्रधानाचार्या श्रीमती तारा बोरा, भारतीय शहीद सैनिक विद्यालय की डॉक्टर नेहा जोशी ,इलाहाबाद से डॉक्टर नीलिमा सिंह,डॉ दीपिका,डॉ नीलिमा गुप्ता,खुशबू, प्रीति सागर, फरहा बक्स, डी.एस.बी. परिसर के विभिन्न शोधार्थी, विद्यार्थी एवं महिला अध्ययन केंद्र के विद्यार्थियों ने प्रतिभाग.किया Iडॉ. अविनाश, राकेश कुमार एवं सचिन कुमार का विशेष सहयोग रहा। कार्यक्रम का संचालन डॉक्टर किरण तिवारी के द्वारा किया गया और उन्होंने व्याख्यान की अंत में सभी को धन्यवाद किया I