नैनीताल की 8 वर्षीय नंदादेवी साह ने छुआ 5300 मीटर का हिमालयी पड़ाव

नैनीताल संवाददाता l महज 8 साल की उम्र में पर्वतारोहण का जुनून रखने वाली नैनीताल की नंदादेवी साह ने माउंट रुद्र गौरा अभियान के दौरान 5300 मीटर, 17,480 फीट की ऊंचाई हासिल कर सबको चौंका दिया।
ऑल सेंट्स कॉलेज में कक्षा 4 की छात्रा नंदादेवी, अपने पिता व दल लीडर अनीत साह के साथ 3 जून से 15 जून तक चले रुद्र गौरा माउंटेन अल्टीट्यूड एक्सपीडिशन में शामिल हुई थीं। इस अभियान का संचालन रुद्र गौरा माउंटेन अल्टीट्यूड एक्सपीडिशन प्राइवेट लिमिटेड द्वारा किया गया था। दल में पुणे से आए डॉ नीलम बैद, डॉ संजय बैद, डॉ शशांक शोत्रीय, डॉ बसंथ अल्बा, नैनीताल की करुणा साह, मुक्तेश्वर के देवेन सिंह रौतेला सहित कुल 25 सदस्य थे। गंगोत्री की ओर से माउंट रुद्र गौरा शिखर के लिए निकला यह दल खराब मौसम और भारी बर्फबारी के कारण समिट पूरा नहीं कर सका और सभी को सुरक्षित वापस लौटना पड़ा। हालांकि, “पापा की परी” कही जाने वाली नंदादेवी ने 5300 मीटर तक पहुंचकर अपनी हिम्मत और जज्बे का परिचय दिया। नंदादेवी के पिता अनीत साह ने बताया कि बचपन से ही नंदादेवी अपनी मम्मी-पापा के साथ क्लाइम्बिंग और ट्रेकिंग में उत्साह से भाग लेती रही है। इस साल विंटर सीजन में वह अपनी मम्मी के साथ लद्दाख हिमालय में आइस क्लाइम्बिंग के लिए भी गई थी। इतनी कम उम्र में नंदादेवी दयारा बुग्याल, चंद्रशिला, इंद्रहारा बेस कैंप और छोटा कैलास जैसे ट्रेक पहले ही पूरे कर चुकी है। 8 साल की इस नन्ही पर्वतारोही का हौसला पहाड़ जैसी ऊंचाइयों को छू रहा है।











