वर्कचार्ज कर्मचारियों का अधीक्षण अभियंता कार्यालय में प्रदर्शन


नैनीताल। शासन के आदेश के तहत 2023 से पूर्व सेवानिवृत्त नियमित वर्कचार्ज कर्मचारियों की पेंशन पर रोक लगाने से कर्मचारियों में रोष है। इसके विरोध में सोमवार को लोनिवि के वर्कचार्ज कर्मचारियों ने अधीक्षण अभियंता कार्यालय का घेराव कर प्रदर्शन किया। उन्होंने ट्रेज़री को तत्काल भुगतान के के लिए बिल भेजने की मांग की l
उन्होंने कहा कि प्रदेशभर में लोनिवि और सिंचाई विभाग में कार्यरत कई नियमित वर्कचार्ज कर्मचारी व सेवानिवृत्त कर्मी शासन की ओर से पूर्व में जारी नई पेंशन नियमावली के चलते पेंशन की परिधि से बाहर हो गए हैं। नई पेंशन स्कीम से हजारों कर्मचारियों के भविष्य की आर्थिक सुरक्षा पर संकट खड़ा हो गया है।
कर्मचारी संघ के प्रदेश मुख्य संयोजक गिरीश चंद्र जोशी ने बताया कि शासन की ओर से 16 जनवरी 2026 को जारी शासनादेश में एक अक्तूबर 2005 के बाद नियमित हुए वर्कचार्ज कर्मचारियों को केवल 10 वर्ष की सेवा पूर्ण होने पर ही पेंशन के दायरे में रखा है। जबकि कई कर्मचारी 30 से 40 वर्ष की सेवा के बाद सेवानिवृत्त हुए हैं। आरोप है कि सरकार को यदि पेंशन व्यवस्था में बदलाव करना ही था, तो वर्ष 2018 में ही कैबिनेट की मंजूरी लेकर शासनादेश जारी करना चाहिए था। उन्होंने बताया कि 8 मई 2023 को उत्तराखंड सरकार ने कैबिनेट में कर्मचारियों को पेंशन से वंचित करने से संबंधित अध्यादेश पारित किया था, जो कर्मचारियों के साथ अन्याय है। उन्होंने बताया कि हल्द्वानी रुद्रपुर में व हल्द्वानी में में निर्माण खंड, प्रांतीय खंड और सिंचाई विभाग में भुगतान कर दिया गया है l नैनीताल में वर्गचार्ज के बिल भुगतान के लिए ट्रेज़री नहीं भेजे गए तो अधिकारियों को घर नहीं जाने दिया जाएगा l प्रदर्शन के दौरान गिरीश जोशी, दीवान सिंह बिष्ट, धन सिंह लटवाल, बसंत सुनान, मोहन सिंह भंडारी, रामलाल, पूरन सिंह जीना, मोहिनी, किशन सिंह आदि रहे। लोनिवि निर्माण खंड के अधिशासी अभियंता हीरा सिंह बिष्ट ने बताया कि जो वर्गचार्ज कर्मचारियों के 20 वर्ष पूर्ण हो गए है उनकी पेंशन आज जारी कर दी जाएगी l जिनके 20 वर्ष पूर्ण नहीं हुए हैं, उनकी पेंशन रोक दी जाएगी l