बीते कुछ वर्षों से बजट सरकार की विकसित और आत्मनिर्भर भारत की ओर जारी वित्त पालिसी का एक निरंतर चलने वाला स्टेटमेंट है पुनीत टंडन

नैनीताल l 2026 बजट के संबंध में: भारत की वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण जी के द्वारा संसद में सालाना लेखा जोखा बजट के रूप में प्रस्तुत किया गया। हालाकि मेरा मानना है बीते कुछ वर्षों से बजट सरकार की विकसित और आत्मनिर्भर भारत की ओर जारी वित्त पालिसी का एक निरंतर चलने वाला स्टेटमेंट है। जो की अगर देखा जाय तो अपने आप में अर्थ व्यवस्था के लिए एक बड़ा पॉजिटिव होने का काम करता है चूकी हम अक्सर बहुत कुछ उम्मीदें बजट से लगाते हैं पॉलिसी ढांचे को समानता से निरंतर प्रति वर्ष चलाए रखना बिना कुछ बहुत ज़्यादा बदलाव के भी अपने आप में व्यवसाय तथा अर्थ व्यवस्था और स्टॉक मार्केट आदि के लिए काफ़ी सकारात्मक माना जाता है। हालाकि हर बार एक सामान्य नागरिक की तरह हम सब बहुत से उम्मीदें बजट से लगते हैं जी कभी पूरी होती है कभी नहीं लेकिन देश की सरकार को आज के दौर में बहुत से जटिल वातावरण में वित्त लेखे जोखे के साथ कार्यरत रहना होता है जैसे की आज के दौर में अमरीकी टैरिफ सैंक्शंस गिरते रुपये अलग अलग जंगी माहौल इत्यादि। फिर भी सरकार विभिन्न स्टेक होल्डर्स से जो फीडबैक प्राप्त होता है उसके अनुसार कुछ सुधार और बदलाव तथा कुछ नए प्रपोजल भी लाती है। अगर सरल भाषा में समझे तो

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इसी क्रम में विभिन्न क्षेत्रों में जैसे इनकम टैक्स

  1. रिवाइज रिटर्न की तारीख में बदलाव ३१ दिसंबर से ३१ मार्च करना ये काफ़ी सहूलियत देता है
  2. विदेशी घूमने में ग्रुप पैकेज में टीसीएस को २० प्रतिशत से ५ प्रतिशत करना
  3. मेडिकल और एजुकेशन के लिए विदेशी मुद्रा के इस्तेमाल में टीसीएस ५ प्रतिशत से २ करना तथा
  4. मोटर एक्सीडेंट क्लेम को पूरी तरह टैक्स फ्री करना
    पर्यटन में
  5. नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ़ हॉस्पिटैलिटी का गठन जिसके द्वारा १०,००० गाइड्स को ट्रेनिंग के व्यवस्था
  6. माउंटेन सीनिक ट्रेल में ट्रेकिंग के लिए उत्तराखंड हिमाचल आदि को प्रोत्साहन तथा सीनिक ट्रेन चालाना
    महिलाओं के लिए
  7. SHE मार्ट जिसे महिलायें के लिए खास तौर से एंटरप्रेन्योर के रूप में तैयार किया जाएगा
  8. हर जिले में एक गर्ल्स हॉस्टल
    मेडिकल में
  9. नेशनल स्किल क्वालिफिकेशन फ्रेमवर्क NSQF के अंतर्गत १.५ लाख केयर गिवर्स बुजुर्ग और मेडिकल कारणों से जरूरतमंद के लिए ट्रेन करना
  10. कैंसर और रेयर डिजीस की दवाइयों में भारी ड्यूटी कटौती
  11. बायो फार्मा शक्ति के तहत बायोटेक्नोलॉजी में रिसर्च के लिए प्रोत्साहन
  12. देश में पांच मेडिकल टूरिज्म हब तैयार करना
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ये सभी कदम बेहद सराहनीय है और हमारी उत्तराखंड की सरकार इनमे बहुत से प्रावधानों से प्रदेश के लिए फायदे ले सकती है। जिससे पर्यटन और मेडिकल क्षेत्रों में जिसमें की हमारे प्रदेश में भारी कमी है प्रदेश को उत्थान तथा प्रोत्साहन मिल सकता है।

पुनीत टंडन
अध्यक्ष
माँ नयना देवी नैनीताल व्यापार मंडल

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