14 व 15 नवंबर को आयोजित होगा 18 वां राष्ट्रीय कुमाउनी भाषा सम्मेलन
अल्मोड़ा। ‘कुमाउनी भाषा न्यास’ व ‘पहरु’ कुमाउनी मासिक पत्रिका अल्मोड़ा द्वारा कुमाउनी भाषा के संरक्षण और संवर्धन के लिए आयोजित होने वाला 18 वां राष्ट्रीय कुमाउनी भाषा सम्मेलन 14 व 15 नवंबर को अल्मोड़ा नगर में आयोजित किया जाएगा। अब तक कुल 17 कुमाउनी भाषा सम्मेलन कुमाऊं के अलग-अलग हिस्सों में आयोजित हो चुके हैं गत वर्ष यह सम्मेलन रुद्रपुर उधमसिंह नगर में आयोजित किया गया था।
इस दो दिवसीय सम्मेलन में देशभर से कुमाउनी भाषा के लेखक, साहित्यकार,संस्कृतिकर्मी और भाषा प्रेमी भागीदारी करेंगे। सम्मेलन हेतु बिट्टू कर्नाटक ‘संयोजक’, हयात सिंह बिष्ट ‘सचिव’ और आनंद सिंह सौतियाल ‘कोषाध्यक्ष’ चुने गए। इस सम्मेलन में विभिन्न सत्रों में कुमाउनी भाषा के अलग- अलग पहलुओं और कुमाउनी में साहित्य की विविध विधाओं पर विशेषज्ञों द्वारा व्याख्यान दिए जायेंगे। कुमाउनी भाषा और साहित्य की दशा और दिशा पर चर्चा- परिचर्चा के साथ ही इस सम्मेलन में कुमाउनी भाषा के विकास के लिए भविष्य की रणनीति भी तय की जाएगी। कुमाउनी भाषा के मानक रूप को तय करने के लिए भी सम्मेलन में चर्चा होगी तथा कुमाउनी भाषा का भाषाई विकास भी सम्मेलन का हिस्सा होगा। सम्मेलन के माध्यम से सरकार से कुमाउनी भाषा को आधिकारिक भाषा का दर्जा देने और इसे आठवीं अनुसूची में शामिल करने हेतु पैरवी की जाएगी।
कुमाउनी भाषा को स्कूल से कॉलेज तक पाठ्यक्रम में शामिल करने की मांग भी की जाएगी। इस दौरान एक कुमाउनी पुस्तक प्रदर्शनी भी आयोजित की जाएगी जिसमें वर्तमान में उपलब्ध कुमाउनी साहित्य मौजूद रहेगा। राष्ट्रीय कुमाउनी कवि सम्मेलन भी सम्मेलन का हिस्सा होगा जिसमें देशभर से कुमाउनी कवि हिस्सा लेंगे। सम्मेलन में कुमाउनी संस्कृतिकर्मी और सांस्कृतिक दल कुमाउनी संस्कृति से जुड़े सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत करेंगे तथा विशेषज्ञ कुमाउनी कला और संस्कृति से जुड़े विषयों पर व्याख्यान देंगे । सम्मेलन के दौरान न्यास द्वारा दिए जाने वाले वार्षिक साहित्य सम्मान प्रदान किए जायेंगे और न्यास द्वारा चलाई गई लेखन पुरस्कार योजनाओं के विजेताओं को पुरस्कृत किया जाएगा। सम्मेलन में फिल्म व नाटक के क्षेत्र में काम कर रहे व सोशल मीडिया के क्षेत्र में काम रहे लोग भी भाग लेंगे तथा इन माध्यमों के द्वारा कुमाउनी भाषा के विकास पर चर्चा होगी। कुमाउनी फिल्म व नाटक निर्माण की संभावनाओं और चुनौतियों पर भी विशेषज्ञ गहन विचार विमर्श किया जाएगा।
शशि शेखर जोशी
कुमाउनी भाषा न्यास
पहरु कुमाउनी मासिक अल्मोड़ा









